दो घंटे तक जिंदगी की भीख मांगता रहा नोएडा इंजीनियर, हुई मौत, अभिनव-सौरभ ने अथॉरिटी की लापरवाही पर निकाली भड़ास
Wednesday, Jan 21, 2026-04:48 PM (IST)
मुंबई. सोशल मीडिया पर युवराज मेहता की मौत की खबर हर किसी का दिल तोड़ रही है। नोएडा में रहने वाले इंजीनियर युवराज मेहता जो गुरुग्राम से ऑफिस के बाद घर लौट रहे थे कि रास्ते में ही उनकी कार गहरे गढ्डे में जा गिरी। युवराज 2 घंटे तक अपनी जान बचाने की गुहार लगाते रहे, लेकिन उन्हें वहां से बाहर न निकालने की वजह से उनकी मौत हो गई। इस घटना के बाद हर कोई नोएडा अथॉरिटी की लापरवाही पर गुस्सा निकाल रहा है। इसी बीच एक्टर सौरभ राज जैन और अभिनव शुक्ला ने भी नोएडा अथॉरिटी पर अपना गुस्सा जाहिर किया है।

सौरभ राज जैन ने अपनी इंस्टा स्टोरी पर लिखा- नोएडा में जो घटना हुई, जिसमें एक यंग इंजीनियर डूब कर मर गया। वो 2 घंटे तक मदद की गुहार लगाता रहा। ये भायनक और शॉकिंग है। नागरिक होने के नाते क्या हम ये कीमत चुका रहे हैं। जो अथॉरिटी हमारे पैसे से चलती है वो समय रहते एक्शन नहीं ले पाया। ये अचानक हुआ हादसा नहीं है। वो 2 घंटे तक मदद मांगता रहा। क्या अथॉरिटी की कोई जिम्मेदारी नहीं है। शर्म आनी चाहिए।
Shame NDRF , Shame Fire Dept , Shame on authorities , you couldn’t save a young kid ! I wonder why your departments even exist if you could not do a basic job for which you train your entire life with tax payers money ! Bravo that Flip-cart Delivery guy who tried ! @PMOIndia… pic.twitter.com/DUBmfw2ymJ
— Abhinav Shukla (@ashukla09) January 19, 2026
वहीं एक्टर अभिनव शुक्ला ने लिखा, "शर्म करो NDRF, शर्म करो फायर डिपार्टमेंट, अधिकारियों पर शर्म है, तुम एक यंग लड़के को नहीं बचा पाए! मुझे हैरानी है कि अगर आप वह बेसिक काम भी नहीं कर सकते जिसके लिए आप टैक्स देने वालों के पैसे से पूरी जिंदगी ट्रेनिंग लेते हैं, तो आपके डिपार्टमेंट मौजूद ही क्यों हैं! उस फ्लिपकार्ट डिलीवरी वाले को सलाम जिसने कोशिश की।
वीडियो में अभिनव ने कहा, 'ये युवराज मेहता वाला केस, जिसमें एक यंग लड़का रात को गाड़ी चला रहा था और वो कंस्ट्रक्शन साइट की कार से टकरा कर पानी में गिर गया। उसके बाद उसने फोन से रेस्क्यू के लिए फोन किया और फायर डिपार्टमेंट, पुलिस डिपार्टमेंट, एनडीआरएफ सब पहुंचे। क्रेन आई, रस्सियां आईं, लेकिन कोई भी पानी में नहीं उतरा। वो 2 घंटे अपनी गाड़ी के ऊपर खड़ा और बोलता रहा मुझे बचा लो और वो सारे डिपार्टमेंट जिनका काम ही लोगों को बचाना है। वो सब वहां खड़े थे। कोशिश एक डिलीवरी वाले लड़के ने की लेकिन 2 घंटे के इस ड्रामे के बाद भी उस लड़के को कोई बचा नहीं पाया। मुझे लगता है कि सभी डिपार्टमेंट को रिजाइन कर देना चाहिए। सरकार को इस बात पर फिर से विचार करना चाहिए कि टैक्स देने वालों का पैसा ऐसे डिपार्टमेंट में क्यों लगाया जा रहा है जो बुनियादी बचाव अभियान चलाने में नाकाम रहते हैं। यह शर्मनाक और घिनौना है।
